झांसी न्यूज डेस्क: झांसी मेडिकल कॉलेज परिसर में एक विवाहिता की संदिग्ध मौत के बाद मायके और ससुराल पक्ष के बीच जमकर खूनी संघर्ष हुआ। मृतका के शव के सामने ही दोनों पक्ष एक-दूसरे पर लात-घूंसे बरसाने लगे, जिससे अस्पताल में अफरा-तफरी मच गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर किसी तरह स्थिति को संभाला, लेकिन इस मामले में सबसे बड़ा मोड़ तब आया जब मृतका के पति ने ही अपने माता-पिता और भाई को अपनी पत्नी का कातिल करार दे दिया।
क्या है पूरा मामला?
मृतका की पहचान 25 वर्षीय रोशनी वर्मा के रूप में हुई है, जो एक 4 साल की बच्ची की मां थी। रोशनी के पति सुनील वर्मा, जो विद्युत विभाग में कार्यरत हैं, ने अपने ही परिवार पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। सुनील के अनुसार:
रोशनी अपने देवर की शादी में शामिल होने ससुराल गई थी।
आरोप है कि वहां ससुराल वालों ने उसके सारे जेवर उतरवा लिए।
जब रोशनी ने जेवर वापस मांगे, तो उसके साथ मारपीट की गई और उसके सिर पर वार किया गया।
रोशनी ने घायल अवस्था में अपने पति और मां को फोन कर जान बचाने की गुहार भी लगाई थी।
दहेज उत्पीड़न का आरोप
मृतका की मां तुलसा ने बताया कि 2021 में विवाह के बाद से ही रोशनी को दहेज के लिए प्रताड़ित किया जा रहा था। आरोप है कि ससुराल वालों ने उसका मंगलसूत्र तक छीन लिया था। वहीं, रोशनी के ससुर गनेश प्रसाद ने इन आरोपों को गलत बताते हुए अपने बेटे पर ही साजिश रचने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि मायके वालों ने अस्पताल में उनके साथ बेवजह मारपीट की।
पुलिस की कार्रवाई
मेडिकल चौकी प्रभारी मोहित राणा ने पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचकर दोनों पक्षों को अलग किया। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। चूंकि घटना स्थल मध्य प्रदेश का निवाड़ी (टेहरका) क्षेत्र है, इसलिए झांसी पुलिस ने प्राथमिक कार्रवाई पूरी कर मामला एमपी पुलिस को सौंपने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।