झांसी न्यूज डेस्क: झांसी में समाजवादी पार्टी के पूर्व गरौठा विधायक दीपनारायण सिंह यादव के घर समेत पांच ठिकानों पर बुधवार सुबह प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने छापेमारी की। मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच के तहत हुई इस कार्रवाई में दिल्ली, लखनऊ और प्रयागराज से आई टीमों ने करीब 16 घंटे तक तलाशी अभियान चलाया।
ईडी अधिकारियों ने पूर्व विधायक और उनके बेटे से लंबी पूछताछ की। साथ ही विभिन्न ठिकानों से करीब 10 हजार दस्तावेजों की प्रतियां अपने कब्जे में लीं। यह कार्रवाई बुधवार रात करीब 9:50 बजे समाप्त हुई। अधिकारियों ने मामले को लेकर फिलहाल कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है।
छापेमारी के बाद दीपनारायण सिंह यादव ने कहा कि उन्हें समझ नहीं आ रहा कि उनके खिलाफ किस आधार पर कार्रवाई की जा रही है। उनका दावा है कि उनके सभी कारोबार पूरी तरह वैध हैं और वे नियमित रूप से टैक्स का भुगतान करते हैं। उन्होंने इस कार्रवाई के पीछे राजनीतिक द्वेष की आशंका जताते हुए कहा कि सपा प्रमुख अखिलेश यादव पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं।
जानकारी के मुताबिक, ईडी के करीब 25 अधिकारी बुधवार सुबह करीब 4 बजे झांसी पहुंचे थे। कार्रवाई की गोपनीयता बनाए रखने के लिए अधिकारियों ने अपनी बाहरी नंबर की गाड़ियां शहर के बाहर छोड़ दीं और स्थानीय नंबर की गाड़ियों से अलग-अलग ठिकानों पर पहुंचे। पांच टीमों ने एक साथ पूर्व विधायक और उनके करीबियों के पांच ठिकानों पर छापेमारी की, जिसके बाद पूरे इलाके में हलचल मच गई।