झांसी न्यूज डेस्क: झांसी के चिरगांव में एक पुराने सिक्के की बरामदगी की खबर ने कुछ ही देर में पूरे इलाके में सनसनी फैला दी। जैन मंदिर के पास एक निर्माणाधीन मकान की खुदाई के दौरान निकले मलबे में खेल रही एक बच्ची को सफेद धातु का पुराना सिक्का मिला। स्थानीय लोगों ने इसे चांदी का सिक्का बताया, जिसके बाद देखते ही देखते यह चर्चा फैल गई कि मलबे के नीचे कोई दबा हुआ खजाना छिपा है।
अफवाह फैलते ही बड़ी संख्या में महिलाएं, बच्चे, बुजुर्ग और आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए। हर कोई अपने हाथों, डंडों और अन्य साधनों से मिट्टी खंगालकर सिक्के तलाशने में जुट गया। कई लोग थैले लेकर पहुंचे, जबकि राहगीर भी रुककर इस कथित 'खजाना खोज अभियान' का हिस्सा बन गए। कुछ घंटों तक इलाके में मेले जैसा माहौल बना रहा।
भीड़ बढ़ने की सूचना पर चिरगांव पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझाकर स्थिति को नियंत्रित किया। थाना प्रभारी राहुल राठौर ने बताया कि खुदाई से निकले मलबे में कुछ पुराने सिक्के मिलने की सूचना मिली है। शुरुआती जांच में सिक्कों पर वर्ष 1919 अंकित दिखाई दे रहा है। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि कुल कितने सिक्के मिले हैं और उनका ऐतिहासिक महत्व क्या है। मामले की जानकारी राजस्व विभाग को भी दे दी गई है।
फिलहाल प्रशासन यह पता लगाने में जुटा है कि मिले सिक्के किसी पुराने संग्रह का हिस्सा हैं, किसी दबे खजाने से जुड़े हैं या फिर सामान्य प्रचलन के पुराने सिक्के हैं। हालांकि जांच पूरी होने से पहले ही एक सिक्के की खबर ने पूरे इलाके को 'खजाने की तलाश' में लगा दिया और अफवाहों के तेजी से फैलने की एक अनोखी मिसाल पेश कर दी।